इंदिरा गांधी राष्ट्रीय अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त करने वाला भारतीय वन सेवा का 2023-2025 बैच 21वीं सदी का सबसे बड़ा बैच रहा, जिसमें भूटान के दो और देश के विभिन्न राज्यों के 109 अफसरों ने प्रशिक्षण (कुल 111) प्राप्त किया।
देश को भारतीय वन सेवा के 109 अफसर मिले। इसमें सबसे अधिक आईएफएस मध्य प्रदेश (17) को मिले हैं। वन अनुसंधान संस्थान के सभागार में बुधवार को आयोजित दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति वी रामासुब्रमण्यन ने अफसरों को प्रमाणपत्र और मेडल सौंपे। सर्वांगीण उत्कृष्ट प्रदर्शन पुरस्कार केरल कैडर के मिधुनमोहन एसबी को मिला है। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त करने वाला भारतीय वन सेवा का 2023-2025 बैच 21वीं सदी का सबसे बड़ा बैच रहा, जिसमें भूटान के दो और देश के विभिन्न राज्यों के 109 अफसरों ने प्रशिक्षण (कुल 111) प्राप्त किया। इस अवसर पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति वी रामासुब्रमण्यन ने अधिकारियों को प्रशिक्षण पूरा करने पर शुभकामना देने के साथ सीख भी दी। उन्होंने कहा कि आगे नौकरी करेंगे, उस दौरान नियमों को कभी न तोड़ें।

नियम तोड़ने पर तत्काल लाभ हो सकता या नियमों का पालन करने पर कुछ परेशानी हो सकती है लेकिन आखिरी में नियम तोड़ने वाले को मुश्किल का सामना करना पड़ता है, जबकि नियमों का पालन करने वाले आगे सुखद परिणाम हासिल करता है। इससे पूर्व इंदिरा गांधी राष्ट्रीय अकादमी के निदेशक डॉ.जगमोहन शर्मा ने रिपोर्ट पेश की। उन्होंने बताया कि भारतीय वन सेवा के अधिकारियों और 14 मित्र राष्ट्रों के 367 वन अधिकारियों ने अब तक संस्थान से प्रशिक्षण प्राप्त किया है। उन्होंने कहा कि इस बैच में 22 महिला आईएफएस प्रशिक्षु शामिल हैं। 50 अधिकारियों ने 75 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए। प्रशिक्षण के दौरान वानिकी के साथ ही शासन के विभिन्न पक्षों की जानकारी दी गई। इस दौरान प्रमुख वन संरक्षक समीर सिन्हा समेत विभिन्न संस्थानों के अधिकारी मौजूद थे।

इन राज्यों को मिले आईएफएस

आंध्र प्रदेश-       पांच
असम, मेघालय- तीन
बिहार-              दो
छत्तीसगढ़-       चार
कर्नाटक-         छह
गुजरात-         छह
हरियाणा-       तीन
हिमाचल –       पांच
मध्य प्रदेश-     17
महाराष्ट्र-        पांच
ओडिशा-       छह
पंजाब-          एक
राजस्थान-     चार
तमिलनाडू-   छह
तेलंगाना-      एक
त्रिपुरा-         एक
उत्तर प्रदेश-  12
उत्तराखंड-   तीन
प.बंगाल-    छह
एजीएमयूटी- सात
केरल –         2
झारखंड –      4
भूटान –         2

ये पुरस्कार भी दिए गए

  • सर्वश्रेष्ठ वानिकी- पृथ्वीराज- उत्तर प्रदेश
  • मुख्य वानिकी विषयों में टॉपर- शोभित जोशी- मध्य प्रदेश
  • हिल स्मृति पुरस्कार- शोभित जोशी- मध्य प्रदेश
  • पी श्रीनिवास स्मृति पुरस्कार- अजय गुप्ता- मध्य प्रदेश
  • संजय कुमार सिंह स्मृति पुरस्कार- नीलम- उत्तर प्रदेश
  • ईपी जी वन्यजीव प्रबंधन पुरस्कार- अजय गुप्ता- मध्य प्रदेश
  • केपी सग्रेया श्रेष्ठ वानिकी पुरस्कार – मिधुनमोहन एसबी
  • नीलगिरी वन्यजीव क्लब पुरस्कार- शुभम सिंह- कर्नाटक
  • सुलोचना नायडू स्मृति पुरस्कार- अजय गुप्ता- मध्य प्रदेश
  • कार्ययोजना अभ्यास के लिए डीएच कुलकर्णी पुरस्कार – नीलम एम- उत्तर प्रदेश
  • बीएन गागुली शैक्षणिक उत्कृष्टता पुरस्कार – मिधुमोहन एसबी
  • केएम तिवारी स्मृति पुरस्कार – मिधुमोहन एसबी
  • वरिष्ठ वनपाल पुरस्कार- नीलम एम- उत्तर प्रदेश
  • द स्पिरीट आफ 1982 प्रथम – पृथ्वीराज केएसबी- उत्तर प्रदेश
  • द स्पिरीट आफ 1982 द्वितीय – शुभम सिंह- कर्नाटक

By Mohd Nafees

संपादक – सच्चाई की जीत पता – Nafees Screen Printers, Near Bilal Masjid, Ward no. 10, Ali Khan, Kashipur 244713 संपर्क – 9837427792 व्हाट्सप्प – 9837427792 ईमेल – sachchaikijeet7@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *